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001 RB1624
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020 _a9789388260688 (Hardback)
040 _aIN-BhIIT
041 _ahin
082 _a891.433
_bMIS/K
100 _aMishra, Govind.
_eAuthor.
_928451
245 _6880-02
_aKohre me kaid rang/
_cGovind Mishra.
260 _aKanpur:
_bAman Prakashan,
_c2025.
300 _a168 pages;
_c21 cm.
500 _a Rural life-related fiction.
520 _a“कोहरे में कैद रंग” गोविंद मिश्र द्वारा रचित एक संवेदनशील हिंदी साहित्यिक कृति है। पुस्तक में लेखक ने मानवीय जीवन, भावनाओं, संबंधों और बदलते सामाजिक परिवेश को केंद्र में रखते हुए जीवन के विभिन्न अनुभवों को प्रस्तुत किया है। रचनाओं में व्यक्ति के भीतर चलने वाले भावनात्मक द्वंद्व, स्मृतियों, रिश्तों और सामाजिक परिस्थितियों की झलक दिखाई देती है। लेखक की भाषा सहज, संवेदनशील और प्रभावशाली है, जो सामान्य जीवन की घटनाओं और अनुभवों को गहरे मानवीय अर्थ प्रदान करती है। यह कृति पाठकों को जीवन और मानवीय संबंधों के विभिन्न रंगों को समझने तथा उन पर विचार करने के लिए प्रेरित करती है।
650 _aHindi fiction.
_916150
650 _aRural life
_vfiction.
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650 _aFamily
_vFiction.
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880 _6100-02
_aकोहरे में कैद रंग /
_cगोविंद मिश्र
942 _cRB
999 _c15680
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