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_bMRI/Y
100 _aMrinal, Nilotpal,
_eauthor.
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_aYar jadugar /
_cNilotpal Mrinal.
260 _aNoida :
_bHind Yugm,
_c2021.
300 _a240 pages ;
_c21 cm.
500 _aHindi novel.
520 _a'यार जादूगर' नीलोत्पल मृणाल की युवाओं और मानवीय संबंधों पर केंद्रित हिन्दी कृति है। रचना में दोस्ती, प्रेम, सपनों, संघर्षों और जीवन की बदलती परिस्थितियों के बीच युवा मन की भावनात्मक दुनिया को प्रस्तुत किया गया है। कथा के पात्र अपने व्यक्तिगत संबंधों और सामाजिक वास्तविकताओं के बीच संतुलन बनाने का प्रयास करते हैं। मित्रता इस रचना का प्रमुख भाव है, जो कठिन परिस्थितियों में साथ, विश्वास और आत्मीयता का आधार बनती है। लेखक ने युवाओं की आकांक्षाओं, भावनात्मक असुरक्षाओं, सामाजिक दबावों और जीवन के प्रति उनके दृष्टिकोण को सहज एवं संवादात्मक शैली में अभिव्यक्त किया है। 'जादूगर' का रूपक उन व्यक्तियों और संबंधों की ओर संकेत करता है जो साधारण जीवन में आशा, उत्साह और परिवर्तन की संभावना पैदा करते हैं। यह कृति मित्रता और मानवीय रिश्तों के माध्यम से जीवन की छोटी-बड़ी खुशियों और संघर्षों को समझने का अवसर देती है।
650 _aHindi fiction.
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