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_aSingh, Bikram _eAuthor _926265 |
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_6880-02 _aMau junction / _cBikram Singh. |
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| 260 |
_aNew Delhi : _bAdvik Publications Pvt., _c2023. |
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| 300 |
_a140 p. : _c20 cm. |
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| 520 | _aमऊ जंक्शन एक ऐसा उपन्यास है जिसमें अभिन्न मित्र श्याम और राजेश की मित्रता का बहुत ही रोचक तथा मार्मिक चित्रण किया है। यह कहानी दो दोस्तों की है जो बचपन से एक साथ एक ही स्कूल में पढ़ते हैं दोनों में से एक कुछ समय के बाद पारिवारिक परिस्थितियों के चलते अपने गाँव लौट आता है और लौटकर अपने पुश्तैनी काम यानी की खेती-बाड़ी में लग जाता है। धीरे - धीरे उसकी पढ़ाई छूट जाती है। जब श्याम मैट्रिक और इंटर में था तब काॅलोनी के लोग कहते थे कि वह आई.पी.एस या आई.ए.एस ही बनेगा। और जब श्याम मैदान में क्रिकेट खेलता तो लोग कहते कि वह भारतीय क्रिकेट टीम में शामिल होकर देश के लिए खेलेगा। लेकिन इन सब को क्या मालूम कि किस्मत श्याम को कुछ और ही बनाने का निर्णय ले चुकी है। परिस्थितिवश वह राजनीति की तरफ अपना रुख करता है। वह छात्र नेता से विधायक और विधायक से मंत्री तक का सफर तय करता है और इधर उच्च शिक्षा प्राप्त कर उसका दोस्त राजेश महज 10 - 12 हजार की छोटी - मोटी नौकरी के लिए ट्रेन और बसों के धक्के खा कर घसीटता हुआ सफर करता है। और अंत में श्याम अपने दोस्त राजेश की ठीक उसी तरह मदद करता है जैसे भगवान कृष्ण अपने मित्र सुदामा की। कृष्ण और सुदामा की तरह की ही इनकी मित्रता है। मउ जंक्शन उपन्यास के लेखक श्री विक्रम जी अभिनेता भी है। उन्होंने कई लघु फिल्मों में अपने अभिनय का जादु बिखेरा है। हाल ही में आई लघु फिल्म त्वमेव सर्वम् में प्रसिद्ध फिल्म स्टार संजय मिश्रा के साथ मुख्य भूमिका निभाई है। | ||
| 650 |
_aHindi novel _917397 |
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| 880 |
_6100-01 _aमऊ जंक्शन / _cबिक्रम सिंह के द्वारा। |
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